• HINDI NEWS
  • दुर्घटना
  • अफवाह से अफरातफरी तक: लखीसराय के अशोकधाम में भगदड़ ने ली 8 महिलाओं की जान, दो ट्रेनों के पहुंचने से बढ़ा था भीड़ का दबाव
lakhisarai-ashokdham-stampede-fi

अफवाह से अफरातफरी तक: लखीसराय के अशोकधाम में भगदड़ ने ली 8 महिलाओं की जान, दो ट्रेनों के पहुंचने से बढ़ा था भीड़ का दबाव

बिजली का पोल गिरने के बाद फैली करंट की अफवाह से बिगड़े हालात; प्रशासन के मुताबिक हादसा करंट से नहीं, भगदड़ में दबने से हुई मौतें; देखें वीडियो

न्यूज़ डेस्क : लखीसराय | दैनिक भारतवर्ष

लखीसराय: बिहार के लखीसराय जिले के प्रसिद्ध श्री इंद्रदमनेश्वर महादेव मंदिर, अशोकधाम के पास सावन की तीसरी सोमवारी के दौरान हुई भगदड़ ने पूरे इलाके को झकझोर दिया। जलाभिषेक के लिए उमड़ी भारी भीड़ के बीच अचानक अफरातफरी मचने से 8 महिला श्रद्धालुओं की मौत हो गई, जबकि कई अन्य श्रद्धालु घायल हुए हैं। शुरुआती रिपोर्टों में मृतकों की संख्या सात बताई गई थी, लेकिन बाद में जिला प्रशासन की ओर से मृतकों की संख्या आठ बताई गई।

दो ट्रेनों के पहुंचने से अचानक बढ़ गया भीड़ का दबाव

लखीसराय के जिलाधिकारी शैलेन्द्र कुमार के अनुसार, घटना सोमवार सुबह करीब 6:30 से 6:45 बजे के बीच हुई। इसी दौरान अशोकधाम हॉल्ट पर दो ट्रेनें पहुंचीं, जिससे पहले से मौजूद श्रद्धालुओं की भीड़ में अचानक और इजाफा हो गया। मंदिर में जलाभिषेक के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु कतार में खड़े थे।

अधिकारियों के अनुसार, भीड़ बढ़ने के बीच एक बिजली का पोल गिर गया। इसके बाद लोगों के बीच यह अफवाह फैल गई कि बिजली का तार गिर गया है और करंट फैल गया है। इसी अफवाह ने कुछ ही समय में स्थिति को बेकाबू कर दिया।

lakhisarai-ashokdham-stampede-in
लखीसराय अशोकधाम भगदड़ (सांकेतिक/फ़ाइल /फोटो/दैनिक भारतवर्ष)

करंट से नहीं हुई मौत, भगदड़ में दबने से गई जान

हादसे के शुरुआती दौर में बिजली के तार से करंट लगने की बात सामने आई थी। हालांकि, जिला प्रशासन की बाद की जानकारी में इसे मौतों का प्रत्यक्ष कारण नहीं बताया गया है। प्रशासन के मुताबिक पोल गिरने के बाद पैदा हुई अफरातफरी में भीड़ का दबाव महिलाओं की कतार की ओर बढ़ा और कई श्रद्धालु एक-दूसरे के ऊपर गिर गए।

इस दौरान हुई भगदड़ में महिलाओं को गंभीर चोटें आईं। कई लोगों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया। घटना के बाद पुलिस और प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंचीं और राहत-बचाव कार्य शुरू किया गया।

बैरिकेडिंग टूटने से और बिगड़ी स्थिति

घटना के संबंध में सामने आई प्रत्यक्षदर्शी जानकारी के अनुसार, अत्यधिक भीड़ के दबाव में बैरिकेडिंग भी टूट गई। इसके बाद लोगों के गिरने और एक-दूसरे के ऊपर चढ़ जाने से हालात और गंभीर हो गए।

हादसे ने बड़े धार्मिक आयोजनों में भीड़ प्रबंधन, प्रवेश-निकास व्यवस्था और आपातकालीन प्रतिक्रिया को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि, घटना के वास्तविक कारणों और प्रशासनिक स्तर पर किसी चूक की जिम्मेदारी तय करने के लिए जांच की जा रही है।

प्रशासन ने मृतकों के परिजनों को मुआवजे का ऐलान किया

बिहार सरकार की ओर से मृतकों के परिजनों को चार-चार लाख रुपये की अनुग्रह सहायता देने की घोषणा की गई है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने हादसे पर दुख जताते हुए शोक संतप्त परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी लखीसराय की घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया। प्रधानमंत्री कार्यालय के अनुसार, उन्होंने पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना जताई और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की।

हादसे के बाद कई सवाल भी खड़े

अशोकधाम में हुई घटना ने यह सवाल भी सामने ला दिया है कि सावन की सोमवारी जैसे बड़े धार्मिक आयोजनों में अत्यधिक भीड़ की संभावित स्थिति से निपटने के लिए क्या पर्याप्त वैकल्पिक व्यवस्था मौजूद थी।

प्रशासन की ओर से सुरक्षा व्यवस्था और भीड़ नियंत्रण के इंतजाम किए जाने की बात कही गई है, लेकिन घटना के बाद व्यवस्था की प्रभावशीलता पर सवाल उठ रहे हैं। अब जांच के जरिए यह स्पष्ट होना बाकी है कि पोल गिरने की वजह क्या थी, भीड़ अचानक किस तरह बेकाबू हुई और क्या किसी स्तर पर सुरक्षा व्यवस्था में चूक हुई।

जांच के बाद सामने आएगी पूरी तस्वीर

फिलहाल प्रशासन का मुख्य फोकस घायलों के इलाज और स्थिति को नियंत्रित रखने पर है। घटना के कारणों की जांच भी की जा रही है। प्रशासनिक जांच पूरी होने के बाद ही हादसे की जिम्मेदारी और सुरक्षा व्यवस्था से जुड़े सवालों पर स्पष्ट निष्कर्ष सामने आने की उम्मीद है।

दैनिक भारतवर्ष की टिप्पणी: धार्मिक आयोजनों में श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। लखीसराय की घटना यह याद दिलाती है कि भारी भीड़ वाले आयोजनों में अफवाह फैलने की स्थिति से निपटने के लिए मजबूत बैरिकेडिंग, स्पष्ट सूचना व्यवस्था, सुरक्षित निकासी मार्ग और तत्काल आपातकालीन प्रतिक्रिया बेहद जरूरी है।

शेयर करें :

यह भी पढ़ें

police-didi-fi

स्कूल-कॉलेज के बाहर अब ‘पुलिस दीदी’ की निगरानी, छात्राओं से छेड़छाड़ करने वालों पर होगी कार्रवाई

रक्षाबंधन पर शुरू हुई अभया ब्रिगेड की नई पहल, स्कूटी-बाइक से महिला पुलिसकर्मी स्कूल, कॉलेज, कोचिंग और संवेदनशील…

nepal-flash-flood-after-469-deaths-barrier-lake-threat-fi

469 मौतों के बाद भी खत्म नहीं हुआ नेपाल का संकट, अब उफनती बैरियर झील से नई तबाही का खतरा

ग्लेशियर टूटने से आई बाढ़ ने नेपाल में मचाई भारी तबाही, सैकड़ों लोग लापता; झील का पानी बढ़ने…

rohtas-dalmianagar-child-dies-fi

राखी की खुशियां मातम में बदलीं: बैलून के पीछे गया ढाई साल का रियांश, नाले के पाइप में फंसा; नहीं बच सकी जान

रोहतास के डालमियानगर के मनेरी बीघा की घटना, बैलून निकालने के दौरान खुले नाले में गिरा ढाई साल…

kochas-hotel-police-raid-fi

कोचस के होटल में पुलिस की छापेमारी, नाबालिग समेत तीन गिरफ्तार; अन्य ठिकानों पर भी कार्रवाई के संकेत

रोहतास के कोचस बाजार स्थित होटल आशीर्वाद इंटरनेशनल में पुलिस की कार्रवाई, एक युवक और होटल के दो…

dainik_bharatvarsh_ad_1920x300

Scroll to Top