जेपी गोलंबर से कारगिल चौक तक दिखा देशभक्ति का माहौल, 17 अगस्त तक चलेगा बिहार में अभियान
न्यूज़ डेस्क : पटना | दैनिक भारतवर्ष
स्वतंत्रता दिवस से पहले बिहार में ‘हर घर तिरंगा अभियान–2026’ को लेकर देशभक्ति का माहौल नजर आ रहा है। सोमवार, 10 अगस्त को राजधानी पटना में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व में भव्य तिरंगा यात्रा निकाली गई। यात्रा की शुरुआत गांधी मैदान स्थित जेपी गोलंबर से हुई और यह कारगिल चौक तक पहुंची।
तिरंगा यात्रा में बड़ी संख्या में छात्र, युवा और आम लोग शामिल हुए। हाथों में राष्ट्रीय ध्वज लिए लोगों ने देशभक्ति के नारे लगाए। आयोजन के दौरान पटना की सड़कों पर जगह-जगह तिरंगे नजर आए और पूरा माहौल राष्ट्रभक्ति के रंग में दिखाई दिया।
जेपी गोलंबर से कारगिल चौक तक निकली यात्रा
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने तिरंगा यात्रा का नेतृत्व किया। रिपोर्टों के अनुसार, यात्रा जेपी गोलंबर से शुरू होकर कारगिल चौक तक गई। कार्यक्रम का आयोजन बिहार सरकार के कला, संस्कृति एवं युवा विभाग की ओर से किया गया था।
यात्रा शुरू होने से पहले मुख्यमंत्री ने लोकनायक जयप्रकाश नारायण की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि भी दी। इसके बाद तिरंगा यात्रा आगे बढ़ी।

17 अगस्त तक चलेगा अभियान
बिहार सरकार ने स्वतंत्रता दिवस के मद्देनजर ‘हर घर तिरंगा अभियान–2026’ के तहत 10 से 17 अगस्त तक राज्यभर में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित करने की योजना बनाई है। पटना के राज्यस्तरीय कार्यक्रम के बाद जिलों और प्रखंडों में भी तिरंगा यात्रा तथा अन्य कार्यक्रम आयोजित किए जाने हैं।
रिपोर्ट के अनुसार, राज्य के 38 जिलों और 534 प्रखंडों में अभियान से जुड़े कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। सरकार ने इन आयोजनों के लिए बजट भी निर्धारित किया है।
‘हर घर तिरंगा’ का मकसद क्या है?
‘हर घर तिरंगा’ अभियान का उद्देश्य स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर लोगों को राष्ट्रीय ध्वज के प्रति सम्मान और राष्ट्रीय एकता की भावना से जोड़ना है। इस अभियान के तहत लोगों को अपने घरों और प्रतिष्ठानों पर तिरंगा फहराने के लिए प्रेरित किया जाता है।
पटना में हुई तिरंगा यात्रा इसी व्यापक अभियान का हिस्सा थी। इसलिए यह कहना अधिक सटीक होगा कि सम्राट चौधरी ने ‘हर घर तिरंगा’ अभियान के तहत तिरंगा यात्रा का नेतृत्व किया, न कि उन्होंने व्यक्तिगत रूप से पटना के हर घर पर तिरंगा लगवाया।
कार्यक्रम में दिखा उत्साह
तिरंगा यात्रा में बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी ने आयोजन को व्यापक रूप दिया। मुख्यमंत्री ने तिरंगे को देश के गौरव और लोकतांत्रिक पहचान से जोड़ते हुए लोगों से अभियान में भागीदारी की अपील की।
















